गो आधारित ग्राम विकास के लिए 7 पंचायतों के प्रशिक्षण वर्गों में 27 गाँवों के 150 किसानों को (जिसमें 78 महिलायें थी) गोबर और गौमूत्र के उपयोग द्वारा आर्थिक विकास का प्रशिक्षण दिया गया।
1) दिनांक 7 जून से 10 जून तक : पुरुलिया जिला के जयपुर खंड के मुकुंदपुर अंचल के प्रशिक्षण वर्ग में 6 गावों से आये हुए 19 किसानों को प्रशिक्षण दिया गया।

2) दिनांक 09 जून से 13 जून तक : गंगासागर जिला के मन्दिरबाजार खंड के जगदीशपुर अंचल के प्रशिक्षण वर्ग में 3 गावों से आये हुए 7 महिलाओं सहित कुल 11 किसानों को प्रशिक्षण दिया गया।

3) दिनांक 08 जून से 11 जून तक : सुंदरवन जिला के सोनखाली खंड के रामचंद्र खाली अंचल के प्रशिक्षण वर्ग में 1 गाँव से आये हुए 10 महिलाओं सहित कुल 13 किसानों को प्रशिक्षण दिया गया।

4) दिनांक 16 जून से 19 जून तक : बारुईपुर जिला के कुलतुली खंड के गोपालगंज अंचल के प्रशिक्षण वर्ग में 3 गावों से आये हुए 4 महिलाओं सहित कुल 24 किसानों को प्रशिक्षण दिया गया।

5) दिनांक 16 जून से 19 जून तक : पुरुलिया जिला के बड़ाबाजार खंड के भांगाबांध अंचल के प्रशिक्षण वर्ग में 4 गावों से आये हुए 24 महिला किसानों को प्रशिक्षण दिया गया।

6) दिनांक 22 जून से 25 जून तक : मालदा जिला के मानिकचक खंड के मथुरापुर अंचल के प्रशिक्षण वर्ग में 5 गावों से आये हुए 32 महिलाओं सहित कुल 40 किसानों को प्रशिक्षण दिया गया।

7) दिनांक 22 जून से 25 जून तक : दक्षिण दिनाजपुर जिला के कुसमंडी खंड के बेरोईल अंचल के प्रशिक्षण वर्ग में 5 गावों से आये हुए 1 महिला सहित कुल 19 किसानों को प्रशिक्षण दिया गया।

अब तक के कुल 140 प्रशिक्षण वर्गों में 930 गाँवों से आये 2811 किसानों को प्रशिक्षण दिया गया।
गोरक्षा हेतु गोग्राम अभियान को बंगाल के सभी 40000 गांव तक पहुंचाने के लिए गोग्राम संरक्षक बन, आप भी इस अभियान में सहभागी बनें। संपर्क सूत्र : 8100330044





