गोबर-गोमूत्र आधारित कृषि पद्धति से न्यूनतम खर्च में पपीता के सभी पेड़ सुरक्षित हुए

  • 22 July 2022
  • गौतम घोष
  • ग्राम -घोरापाड़ा,पंचायत- करजग्राम,खंड -कटवा,जिला -पूर्व बर्धमान
  • गौ आधारित कृषि

(#056)

मैंने अपने 7 कट्ठा जमीन पर पपीता की खेती की थी। मैंने जो पौधे लगाए थे वो पीले पड़ने लगे थे। मैंने रासायनिक कीटनाशक आदि के बारे में जानकारी लेनी शुरू की थी उसी समय  मैं गोसेवा परिवार के कार्यकर्ता श्री आतिश बनर्जी से मिला उन्होंने मुझे गोबर-गोमूत्र आधारित जैविक पद्धति के खाद और कीटनाशक की जानकारी दी और उसके निर्माण की विधि सिखाई। उसके प्रयोग से एकदम न्यूनतम खर्च में मेरे सभी 57 पेड़ सुरक्षित है। अब उसमें फल भी लगने लगे हैं।