गोरक्षा हेतु गोकथाओं का आयोजन।

गोमाता के प्रति श्रद्धा-भाव बढ़ाने हेतु प्रत्येक माह बंगाल के गांव गांव में गो-कथा का आयोजन किया जाता है जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामवासि श्रध्दा-भाव से गोमाता की कथा सुनते हैं।
गो कथा के आयोजन से ग्रामवासी के मन में गोपालन के प्रति आग्रह एवं रुचि बढ़ रही है। गो कथा में गोचर भूमि का विकास, गोबर - गोमूत्र का महत्व, पौराणिक एवं ऐतिहासिक कथाएं समेत अनेक महत्वपूर्ण विषय बताए जाते हैं।
इस माह आयोजित कथाओं के चित्रावली का अवलोकन करें।
अब तक 135 गो कथाएं हो चुकी है जिसमें 10,680 लोग भाग लिए।