विवरण : मेरी तबियत हमेशा ख़राब रहती थी, मुझे किसी से बात करने का मन नहीं करता था ,हर समय बस सोये रहना चाहती थी। तब गाँव वालों के साथ मिलकर मैंने गोपूजन किया और अपनी दाहिने तरफ गोमाता को रखकर 9 बार परिक्रमा किया। तब से मेरी तबियत अच्छी रहती है।